Online Betting Network: ठाणे के किराए के फ्लैट में चल रहे थे 2 सट्टा पैनल, दुर्ग पुलिस ने 10 को दबोचा; 31 मोबाइल समेत बड़ा सामान जब्त

दुर्ग, 8 अक्टूबर 2026। ऑनलाइन सट्टेबाजी के खिलाफ दुर्ग पुलिस ने छत्तीसगढ़ से महाराष्ट्र तक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। दुर्ग पुलिस की वैशाली नगर थाना पुलिस और ACCU की संयुक्त टीम ने महाराष्ट्र के ठाणे में दबिश देकर ऑनलाइन सट्टेबाजी के दो पैनल का भंडाफोड़ किया है। पुलिस के मुताबिक, किराए के फ्लैट से संचालित इस नेटवर्क में शामिल 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि आरोपी म्यूल बैंक खातों के जरिए करोड़ों रुपये का लेन-देन कर रहे थे। कार्रवाई के बाद पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क की वित्तीय और डिजिटल कड़ियों को खंगाल रही है।
दुर्ग से टीम पहुंची ठाणे, किराए के फ्लैट में मिला सट्टा नेटवर्क
पुलिस को सूचना मिली थी कि महाराष्ट्र के ठाणे में एक किराए के फ्लैट से ऑनलाइन सट्टेबाजी का नेटवर्क संचालित किया जा रहा है। सूचना की तस्दीक के बाद दुर्ग से विशेष टीम गठित कर महाराष्ट्र भेजी गई।
जांच के दौरान जब पुलिस टीम को ठिकाने की जानकारी मिली तो वैशाली नगर पुलिस और ACCU की संयुक्त टीम ने फ्लैट पर दबिश दी। मौके पर दो ऑनलाइन सट्टा पैनल संचालित होते पाए गए।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने मौके से बड़ी संख्या में इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और बैंकिंग से जुड़े दस्तावेज बरामद किए।
31 मोबाइल, 4 लैपटॉप और 12 ATM कार्ड जब्त
पुलिस के मुताबिक, आरोपियों के कब्जे से— 31 मोबाइल फोन, 4 लैपटॉप, 12 ATM कार्ड, बैंक पासबुक, वाई-फाई उपकरण अन्य इलेक्ट्रॉनिक एवं बैंकिंग सामग्री जब्त की गई है।
इन उपकरणों की जांच से सट्टा नेटवर्क के संचालन, आरोपियों के आपसी संपर्क और ऑनलाइन लेन-देन से जुड़े अहम सुराग मिलने की उम्मीद है।
म्यूल बैंक खातों में घूम रहा था करोड़ों का पैसा
पुलिस की प्रारंभिक जांच में सबसे महत्वपूर्ण कड़ी म्यूल बैंक अकाउंट सामने आई है। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों द्वारा अलग-अलग बैंक खातों का इस्तेमाल ऑनलाइन सट्टेबाजी से जुड़े पैसों के लेन-देन के लिए किया जा रहा था।
अब पुलिस जब्त बैंक पासबुक, ATM कार्ड और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की जांच कर यह पता लगाने में जुटी है कि कितने बैंक खातों का इस्तेमाल हुआ, कितनी रकम का ट्रांजैक्शन हुआ और इस नेटवर्क के पीछे असली संचालक कौन हैं।
ठाणे से आगे कितनी दूर तक फैला नेटवर्क?
10 आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस की जांच का अगला फोकस नेटवर्क की फाइनेंशियल चेन और डिजिटल कनेक्शन पर है।
पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि— कौन था मुख्य संचालक? किन लोगों के बैंक खाते इस्तेमाल हुए? सट्टा पैनल कहां-कहां से ऑपरेट हो रहे थे? करोड़ों के ट्रांजैक्शन में और कौन-कौन शामिल है?
जांच आगे बढ़ने के साथ नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका सामने आने की संभावना है।
दुर्ग पुलिस की दूसरे राज्य में कार्रवाई क्यों अहम?
ऑनलाइन सट्टेबाजी का नेटवर्क अक्सर एक राज्य में बैठकर दूसरे राज्यों के बैंक खातों, मोबाइल नंबरों और डिजिटल माध्यमों के जरिए संचालित किया जाता है। ऐसे मामलों में स्थानीय कार्रवाई के बजाय डिजिटल और वित्तीय कड़ियों को जोड़ते हुए दूसरे राज्य तक पहुंचना पुलिस के लिए बड़ी चुनौती होती है।
ठाणे में हुई यह कार्रवाई इसी कड़ी में महत्वपूर्ण मानी जा रही है। फिलहाल पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है और जब्त डिजिटल उपकरणों व बैंकिंग रिकॉर्ड के आधार पर पूरे नेटवर्क की पड़ताल जारी है।
